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राजनीति(बघेली )

राजनीति नहि मंच अखाड़ा

ढोल पीट के गला न फाड़ा

जनता हेन सब जानय लाग ही  

केतनेऊ आए बड़े बड़े

काम करइया जितिहैं बांकी

पइहैं अंडा सड़े सड़े

नजरन्दाज किहिन युवकन का

रोजगार न दइ पायें

पी एस सी के जाघा राखिन

कई बरस से लटकाए

डाकू बैठे हाट खोल के

राजनीति के जंगल मा

मन्दिर,धरम मा ध्यान बटाइन

या चुनाव के दंगल मा

वोट लेंय का किहा चिरौरी  

दांत निपोरया खड़े खड़े

खाय के गच्चा अब तुम सोचिहा

पांच साल तक पड़े पड़े ...

सफल नेता

दिखावा ..